कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शनिवार को एकबार फिर पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम के बाद मंच के शुद्धिकरण के विवाद पर बीजेपी को घेरा। राहुल ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खड़गे के मंच का शुद्धिकरण करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दें।
राहुल गांधी के बयान पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि मल्लिकार्जुन खड़गे की जाति उत्तराखंड में कोई नहीं जानता। इसके साथ ही उन्होंने कहा है कि कांग्रेस पार्टी मुद्दा विहीन हो गई है इसलिए बेवजह के मुद्दों को आगे कर रही है।
कांग्रेस पार्टी मुद्दा विहीन, बोले सीएम
धामी ने कहा ‘भारतीय जनता पार्टी के कोई पदाधिकारी या कार्यकर्ता ने ये शुद्धिकरण नहीं किया। उत्तराखंड में कोई नहीं जानता कि खड़गे जी की जाति क्या है। वहां धार्मिक उन्माद के नारे लगाए गए और गंदगी की गई जबकि वह एक धार्मिक स्थान है जहां रामलीला का मंचन होता है। ये नारे एक धर्म विशेष के लोगों ने लगाए थे। इसी के विरोध में जो धार्मिक संगठन के लोग थे उन्होंने वहां पर शुद्धिकरण का कार्यक्रम किया था। मुझे लगता है कि कांग्रेस पार्टी मुद्दा विहीन हो गई है।’
कांग्रेस पर तुष्टिकरण का लगाया आरोप
उन्होंने कहा ‘उत्तराखंड में आज इसे कौन स्वीकार करेगा कि यहां पर जाति का भेदभाव होता है। और हमारे प्रधानमंत्री जी के नेतत्व में सबका साथ सबका विकास मंत्र के साथ पूरे देश में काम किया जा रहा है। कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष जब सीताराम केसरी थे तो उनके साथ किस तरह का बर्ताव किया गया था कैसे उन्हें कार्यालय से बाहर निकाला गया था। बाबू जगजीवन राम के साथ क्या किया था? और बाबा भीमराव अंबेडकर के साथ कभी उन्हें भारत रत्न तक नहीं दिया गया और संसद में नहीं पहुंचने दिया गया। कांग्रेस ने हमेशा तुष्टिकरण के लिए काम किया है और अब वे वोटों के लिए ऐसा नैरेटिव बनाना चाहते हैं। मैं कहता हूं कि हर किसी को पता चल चुका है कि कोई भी इस तरह की घटना नहीं हुई है। न खड़गे जी के खिलाफ न ही कांग्रेस पार्टी के खिलाफ।’
कांग्रेस का क्या आरोप?
बीते 8 अगस्त को हल्द्वानी के रामलीला मैदान में खड़गे ने एक रैली को संबोधित किया था। इसके दो दिन बाद 10 अगस्त को एक संगठन से जुड़े कुछ लोगों ने वहां ‘शुद्धिकरण’ अनुष्ठान किया था। कांग्रेस का कहना है कि ऐसा करके खड़गे का अपमान किया गया है।











